फर्जी जाति प्रमाण पत्र से चुनाव जीतने का आरोप, रिसाली की पार्षद को नोटिस
CG News: रिसाली नगर निगम के वार्ड संख्या 38, स्टोर पारा पुरैना की पार्षद पार्वती महानंद की सदस्यता खतरे में है। फर्जी जाति प्रमाण पत्र का इस्तेमाल करके चुनाव लड़ने की शिकायत की जांच के बाद, संभागीय आयुक्त एस.एन. राठौर ने उन्हें नोटिस जारी कर अपना जवाब दाखिल करने का अंतिम अवसर दिया है।
राहुल वर्मा ने उठाए सवाल
यह मामला छत्तीसगढ़ नगर निगम अधिनियम, 1956 की धारा 19(1)(अ-1) के तहत लंबित है। 2021 के नगर निगम चुनावों में पार्वती महानंद ने अनुसूचित जाति के लिए आरक्षित वार्ड से चुनाव लड़ा और जीत हासिल की। बाद में, रिसाली-भिलाई निवासी राहुल वर्मा ने उनकी जाति प्रमाण पत्र की वैधता पर सवाल उठाते हुए शिकायत दर्ज कराई। शिकायत के आधार पर मामले की जांच की गई।
जवाब न देने पर हो सकती है एकपक्षीय कार्रवाई
कमिश्नर कोर्ट ने पार्षद को 25 जून तक अपना पक्ष रखने का मौका दिया है। नोटिस में कहा गया है कि यदि निर्धारित तिथि तक जवाब नहीं दिया जाता है या संतोषजनक स्पष्टीकरण प्राप्त नहीं होता है, तो उपलब्ध रिकॉर्ड के आधार पर एकतरफा कार्रवाई की जा सकती है। मामले की अगली सुनवाई 25 जून को निर्धारित की गई है।
जांच रिपोर्ट में प्रमाण पत्र पर उठे सवाल
खबरों के मुताबिक, जिला स्तरीय जाति प्रमाण पत्र सत्यापन समिति ने जांच के बाद प्रमाण पत्र को अमान्य घोषित कर दिया। समिति ने पाया कि जाति प्रमाण पत्र जाली दस्तावेजों के आधार पर प्राप्त किया गया था।। इस संबंध में अपर कलेक्टर महासमुंद द्वारा जारी पत्र में भी जांच प्रतिवेदन का उल्लेख किया गया है। संभाग आयुक्त के जारी नोटिस में कहा गया है कि प्रथम दृष्टया यह प्रतीत होता है कि संबंधित पार्षद उस वर्ग से संबंधित नहीं हैं, जिसके लिए सीट आरक्षित थी। ऐसे में उनसे पूछा गया है कि उन्हें पद से पृथक क्यों न किया जाए।(एजेंसी)

