जब सीएम साय के सामने फूटा रमन सिंह का गुस्सा, कांग्रेस का तंज- ‘तुमसे ना हो पाएगा’
सामूहिक विवाह समारोह में विधानसभा अध्यक्ष डॉ. रमन सिंह की नाराजगी के बाद कांग्रेस का हमला, प्रशासनिक व्यवस्था और सरकार की कार्यप्रणाली पर उठाए सवाल
रायपुर। बेमेतरा में मुख्यमंत्री कन्या विवाह योजना के तहत आयोजित सामूहिक विवाह समारोह में सामने आई अव्यवस्थाओं को लेकर प्रदेश की राजनीति गरमा गई है। कार्यक्रम के दौरान विधानसभा अध्यक्ष डॉ. रमन सिंह द्वारा सार्वजनिक रूप से व्यवस्थाओं पर नाराजगी जताने का वीडियो सामने आने के बाद कांग्रेस ने राज्य सरकार पर तीखा हमला बोला है।
पूर्व मुख्यमंत्री भूपेश बघेल और प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष दीपक बैज ने इस मुद्दे को लेकर सरकार की कार्यशैली और प्रशासनिक व्यवस्था पर सवाल खड़े किए हैं। दोनों नेताओं का कहना है कि प्रदेश में प्रशासनिक नियंत्रण कमजोर पड़ता दिखाई दे रहा है।
रमन सिंह के बयान को बताया राजनीतिक संदेश
पूर्व मुख्यमंत्री भूपेश बघेल ने कहा कि मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय और दोनों उपमुख्यमंत्रियों की मौजूदगी में विधानसभा अध्यक्ष का इस तरह सार्वजनिक रूप से नाराज होना सामान्य घटना नहीं है।
उन्होंने कहा कि डॉ. रमन सिंह का बयान एक राजनीतिक संदेश की तरह देखा जा सकता है। भूपेश बघेल ने तंज कसते हुए कहा कि ऐसा प्रतीत होता है जैसे वे सरकार को यह संदेश दे रहे हों कि मौजूदा व्यवस्था प्रभावी ढंग से काम नहीं कर पा रही है।
सरकार पर नियंत्रण कमजोर होने का आरोप
भूपेश बघेल ने आरोप लगाया कि सुशासन तिहार के दौरान प्रदेश के विभिन्न हिस्सों से अव्यवस्थाओं और शिकायतों की खबरें सामने आ रही हैं। उन्होंने कहा कि सरकार का प्रशासनिक तंत्र पर नियंत्रण कमजोर होता दिखाई दे रहा है और कई स्तरों पर समन्वय की कमी नजर आ रही है।
दीपक बैज ने भी उठाए सवाल
प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष दीपक बैज ने कहा कि जिस कार्यक्रम में विधानसभा अध्यक्ष स्वयं व्यवस्थाओं पर सवाल उठा रहे हों, वहां सरकार के सुशासन संबंधी दावों पर सवाल खड़े होना स्वाभाविक है।
उन्होंने कहा कि डॉ. रमन सिंह ने अपने सार्वजनिक वक्तव्य में यह तक कहा कि उन्होंने अपने लंबे राजनीतिक कार्यकाल में ऐसी व्यवस्थाएं नहीं देखीं। बैज ने इसे सरकार की प्रशासनिक विफलता का संकेत बताया।
सरकार की कार्यप्रणाली पर तंज
दीपक बैज ने कहा कि वर्तमान परिस्थितियों को देखकर यह समझना कठिन हो गया है कि सरकार की कार्यप्रणाली किस दिशा में आगे बढ़ रही है। उन्होंने आरोप लगाया कि सरकार को पहले प्रशासनिक व्यवस्था को मजबूत करना चाहिए और उसके बाद सुशासन के दावे करने चाहिए।
तहसीलदार आंदोलन का भी उठाया मुद्दा
कांग्रेस प्रदेश अध्यक्ष ने सीतापुर प्रकरण के बाद जारी तहसीलदारों और नायब तहसीलदारों के आंदोलन का भी उल्लेख किया। उन्होंने कहा कि एक अधिकारी के साथ कथित मारपीट की घटना के विरोध में राजस्व अधिकारी आंदोलन कर रहे हैं, लेकिन सरकार अब तक प्रभावी समाधान निकालने में सफल नहीं हुई है।
रामकुमार टोप्पो की गिरफ्तारी की मांग
दीपक बैज ने सीतापुर मामले में भाजपा विधायक रामकुमार टोप्पो का नाम लेते हुए निष्पक्ष जांच और कानूनी कार्रवाई की मांग की। उन्होंने कहा कि कानून सभी नागरिकों के लिए समान होना चाहिए और मामले में निष्पक्ष जांच होनी चाहिए।
प्रदेश की राजनीति में बढ़ सकता है विवाद
बेमेतरा कार्यक्रम में हुई अव्यवस्था और सीतापुर प्रकरण को लेकर कांग्रेस के तीखे हमलों के बाद प्रदेश की राजनीति में आरोप-प्रत्यारोप का दौर तेज होने के संकेत मिल रहे हैं। आने वाले दिनों में यह मुद्दा राजनीतिक बहस का प्रमुख विषय बन सकता है।

