NEET Re-Exam 2026: छत्तीसगढ़ के 20 हजार से ज्यादा छात्र देंगे नीट का री-एग्जाम, राजधानी में जवानों का कड़ा पहरा, NTA ने जारी की ये सख्त गाइडलाइन
NEET Re-Exam 2026: नीट (NEET UG) विवाद के बाद आज देश भर के साथ-साथ छत्तीसगढ़ में बड़े पैमाने पर नीट का री-एग्जाम आयोजित किया जा रहा है। छत्तीसगढ़ के अकेले 20 हजार से ज्यादा छात्र इस परीक्षा में बैठ रहे हैं, जिसके लिए अभूतपूर्व सुरक्षा इंतजाम किए गए हैं। नेशनल टेस्टिंग एजेंसी (NTA) ने छात्रों के लिए एक बेहद खास अपील और गाइडलाइन जारी की है, जिसका पालन न करने पर परीक्षा छूट सकती है। क्या है एंट्री की डेडलाइन और केंद्र पर क्या चीजें ले जाना सख्त मना है? परीक्षा से जुड़ी हर महत्वपूर्ण जानकारी और इनसाइड अपडेट जानने के लिए पूरा आर्टिकल जरूर पढ़ें।
छत्तीसगढ़ के 19 शहरों में 127 परीक्षा केंद्र, रायपुर में कड़ी सुरक्षा
नीट-यूजी 2026 (NEET-UG 2026) के री-एग्जाम को लेकर छत्तीसगढ़ में प्रशासन अलर्ट मोड पर है। राज्यभर में इस बार 20 हजार से अधिक परीक्षार्थी परीक्षा में शामिल हो रहे हैं। निष्पक्ष और पारदर्शी परीक्षा के लिए प्रदेश के 19 प्रमुख शहरों में कुल 127 परीक्षा केंद्र बनाए गए हैं।
बात करें राजधानी रायपुर की, तो अकेले रायपुर में 25 परीक्षा केंद्रों पर 9 हजार से अधिक छात्र परीक्षा दे रहे हैं। किसी भी प्रकार की अव्यवस्था या गड़बड़ी को रोकने के लिए केंद्रों पर भारी मात्रा में पुलिस जवानों की तैनाती की गई है। इसके साथ ही निर्बाध परीक्षा के लिए जनरेटर, सीसीटीवी निगरानी और पेयजल सहित सभी आवश्यक व्यवस्थाएं सुनिश्चित की गई हैं। यह परीक्षा दोपहर 2:00 बजे से शुरू होकर शाम 5:15 बजे तक चलेगी।
NTA की अभ्यर्थियों से खास अपील: 1:30 बजे के बाद नो एंट्री!
राष्ट्रीय परीक्षा एजेंसी (NTA) ने रविवार को सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म X पर सभी अभ्यर्थियों को शुभकामनाएं देते हुए शांत और आत्मविश्वासी रहने की सलाह दी है। इसके साथ ही एजेंसी ने सख्त हिदायत देते हुए जरूरी नियम भी बताए हैं:
एंट्री का समय: परीक्षा केंद्रों में प्रवेश सुबह 11:00 बजे से ही शुरू कर दिया गया है। दोपहर 1:30 बजे के बाद किसी भी अभ्यर्थी को केंद्र के अंदर जाने की अनुमति बिल्कुल नहीं दी जाएगी।
ये चीजें लाना जरूरी: परीक्षार्थियों को अपने साथ एडमिट कार्ड (Admit Card), एक वैलिड फोटो पहचान पत्र (ID Proof) और दो पासपोर्ट साइज फोटो लाना अनिवार्य है।
प्रतिबंधित वस्तुएं: छात्रों को किसी भी प्रकार की प्रतिबंधित वस्तु (इलेक्ट्रॉनिक गैजेट, चिट आदि) न लाने की सलाह दी गई है। परीक्षा कक्ष में लिखने और आवश्यक सामग्री खुद NTA द्वारा उपलब्ध कराई जा रही है।
देश भर में ‘हाईटेक’ सुरक्षा: 22.79 लाख छात्र दे रहे परीक्षा
पिछले विवादों से सबक लेते हुए इस बार केंद्र सरकार और NTA ने कड़े सुरक्षा बंदोबस्त किए हैं। देश भर के 551 शहरों में 5,440 केंद्रों (और विदेशों में 14 केंद्रों) पर कुल 22.79 लाख अभ्यर्थी इस री-एग्जाम में हिस्सा ले रहे हैं।
गड़बड़ी और पेपर लीक जैसी अफवाहों को रोकने के लिए परीक्षा केंद्रों पर जैमर (Jammers), बायोमेट्रिक जांच, फ्रिस्किंग और स्थानीय खुफिया इकाइयों (Local Intelligence) के साथ साइबर टीमों को एक्टिव किया गया है। दिल्ली, यूपी, गुजरात, कर्नाटक और हरियाणा सहित कई राज्यों में प्रशासनिक अधिकारियों ने खुद केंद्रों का औचक निरीक्षण किया है।
सरकार का बड़ा दावा: परीक्षा होगी पूरी तरह पारदर्शी
इस महा-परीक्षा पर केंद्रीय मंत्री रामदास अठावले ने कहा कि पिछले नीट विवाद से छात्रों को काफी परेशानी झेलनी पड़ी थी, इसी वजह से केंद्र सरकार ने इस बार सुरक्षा के बेहद सख्त कदम उठाए हैं। उन्होंने उम्मीद जताई कि परीक्षा पूरी तरह पारदर्शी होगी। वहीं, उत्तर प्रदेश के उपमुख्यमंत्री केशव प्रसाद मौर्य ने भी भरोसा जताया कि बिना किसी बाधा के यह परीक्षा शांतिपूर्ण तरीके से संपन्न होगी।

