चंदन, सिंदूर या भस्म? तिलक से बदल सकता है भाग्य.. जानिए कौन सा तिलक कब लगाएं
वार के हिसाब से तिलक लगाने से बढ़ती है सकारात्मक ऊर्जा और मिलती है ग्रहों की कृपा
हिंदू धर्म में तिलक लगाना केवल एक परंपरा नहीं, बल्कि आध्यात्मिक ऊर्जा और शुभता का प्रतीक माना जाता है। मान्यता है कि मस्तक पर तिलक लगाने से व्यक्ति के भीतर सकारात्मक ऊर्जा का संचार होता है और नकारात्मक शक्तियां दूर होती हैं। ज्योतिष शास्त्र के अनुसार सप्ताह का हर दिन किसी न किसी ग्रह और देवता को समर्पित होता है, ऐसे में अगर तिलक भी उसी के अनुसार लगाया जाए तो इसका प्रभाव और अधिक बढ़ जाता है।
यह परंपरा मानसिक शांति प्रदान करने के साथ-साथ जीवन की परेशानियों, ग्रह दोष और बाधाओं को कम करने में सहायक मानी जाती है। अलग-अलग प्रकार के तिलक जैसे चंदन, रोली, सिंदूर, भस्म और हल्दी का अपना विशेष महत्व होता है। आइए जानते हैं सप्ताह के हर दिन किस प्रकार का तिलक लगाना शुभ माना जाता है।
सोमवार
इस दिन चंदन का तिलक लगाना शुभ माना जाता है, जिससे मन शांत रहता है। भस्म का तिलक लगाने से भगवान शिव की कृपा प्राप्त होती है और चंद्र दोष कम होता है।
मंगलवार
मंगलवार को लाल चंदन या सिंदूर का तिलक लगाना लाभकारी होता है। इससे हनुमान जी की कृपा मिलती है, भय दूर होता है और आत्मविश्वास बढ़ता है।
बुधवार
बुधवार के दिन सूखा सिंदूर लगाना शुभ माना जाता है। इससे बुद्धि और वाणी में सुधार होता है तथा भगवान गणेश का आशीर्वाद मिलता है।
गुरुवार
गुरुवार को हल्दी या चंदन का तिलक लगाना चाहिए। इससे भगवान विष्णु की कृपा मिलती है और गुरु दोष शांत होता है।
शुक्रवार
शुक्रवार के दिन लाल चंदन या सिंदूर का तिलक लगाने से मां लक्ष्मी का आशीर्वाद प्राप्त होता है। इससे धन लाभ के योग बनते हैं और घर में सुख-शांति बनी रहती है।
शनिवार
शनिवार को भस्म या लाल चंदन का तिलक लगाना शुभ माना जाता है। इससे शनि दोष से राहत मिलती है और नकारात्मक ऊर्जा दूर होती है।
रविवार
रविवार के दिन लाल या हरा चंदन का तिलक लगाना चाहिए। इससे सूर्य देव की कृपा मिलती है, मान-सम्मान बढ़ता है और आत्मबल में वृद्धि होती है।
Disclaimer : यह जानकारी धार्मिक मान्यताओं और परंपराओं पर आधारित है। इसकी वैज्ञानिक पुष्टि नहीं की जाती।

