Thu. Apr 16th, 2026

छत्तीसगढ़ कैबिनेट के अहम फैसले: UCC समिति गठन, महिलाओं को 50% रजिस्ट्रेशन छूट

मुख्यमंत्री विष्णु देव साय की अध्यक्षता में मंत्रालय महानदी भवन में आयोजित छत्तीसगढ़ मंत्रिपरिषद की बैठक में कई अहम फैसले लिए गए। ये निर्णय राज्य में कानून, महिला सशक्तिकरण, उद्योग, खनन और सामाजिक सुरक्षा के क्षेत्रों में महत्वपूर्ण बदलाव लाने वाले हैं।


🔷 UCC लागू करने की दिशा में बड़ा कदम

राज्य सरकार ने Uniform Civil Code लागू करने की दिशा में पहल करते हुए सेवानिवृत्त न्यायाधीश रंजना प्रकाश देसाई की अध्यक्षता में एक उच्चस्तरीय समिति गठित करने का निर्णय लिया है। यह समिति विभिन्न वर्गों से सुझाव लेकर UCC का प्रारूप तैयार करेगी।


🔷 महिलाओं को संपत्ति रजिस्ट्रेशन में 50% छूट

महिला सशक्तिकरण को बढ़ावा देने के लिए महिलाओं के नाम पर संपत्ति रजिस्ट्रेशन शुल्क में 50% की कमी की गई है। इससे महिलाओं को आर्थिक रूप से मजबूत बनाने में मदद मिलेगी, भले ही सरकार को करीब 153 करोड़ रुपये के राजस्व का नुकसान हो।


🔷 सैनिकों और उनके परिवारों को राहत

सेवारत और भूतपूर्व सैनिकों तथा उनकी विधवाओं को राज्य में 25 लाख रुपये तक की संपत्ति खरीदने पर स्टाम्प शुल्क में 25% की छूट दी जाएगी।


🔷 औद्योगिक विकास को बढ़ावा

छत्तीसगढ़ औद्योगिक भूमि एवं भवन प्रबंधन नियम, 2015 में संशोधन कर सेवा क्षेत्र, PPP मॉडल और वित्तीय संस्थाओं (NBFC) को शामिल किया गया है। इससे उद्योगों को आसान ऋण और बेहतर इंफ्रास्ट्रक्चर मिलेगा।


🔷 रेत खदानों पर सरकारी नियंत्रण बढ़ेगा

रेत खनन नियमों में संशोधन कर छत्तीसगढ़ मिनरल डेवलपमेंट कॉर्पोरेशन लिमिटेड जैसे सार्वजनिक उपक्रमों को खदानें आरक्षित करने की अनुमति दी गई है। इससे रेत की कमी और एकाधिकार की समस्या कम होगी।


🔷 अवैध खनन पर सख्ती

खनिज नियमों में संशोधन कर अवैध खनन, परिवहन और भंडारण पर 25 हजार से 5 लाख रुपये तक का जुर्माना तय किया गया है। बंद पड़ी खदानों पर भी कड़े प्रावधान लागू किए गए हैं।


🔷 पशुपालन और रोजगार को बढ़ावा

दुधारू पशु योजना में सभी सामाजिक वर्गों को शामिल किया गया है। साथ ही National Dairy Development Board से जुड़े प्रावधानों में संशोधन कर स्वरोजगार को बढ़ावा दिया जाएगा।


🔷 पशुओं के टीकाकरण के लिए विशेष व्यवस्था

पशुओं को संक्रामक रोगों से बचाने के लिए Indian Immunologicals Limited से सीधे टीकों की खरीदी की जाएगी, जिससे समय पर टीकाकरण सुनिश्चित होगा।


🔷 मध्यप्रदेश से 10,536 करोड़ की वापसी पर सहमति

मध्यप्रदेश राज्य पुनर्गठन अधिनियम 2000 के तहत पेंशन भुगतान में हुई त्रुटि के कारण छत्तीसगढ़ को 10,536 करोड़ रुपये वापस मिलेंगे। इसमें से 2,000 करोड़ पहले ही मिल चुके हैं, बाकी राशि 6 किश्तों में दी जाएगी।

About The Author