सावन में कांवड़ यात्रा को लेकर प्रशासन अलर्ट, डीजे के लिए जारी हुई नई गाइडलाइन
UP Kanwar Yatra Rules 2026: सावन का महीना शुरू होने वाला है और इसके साथ ही कांवड़ यात्रा की तैयारियां भी तेज हो गई हैं। हर साल लाखों शिव भक्त इस तीर्थयात्रा में शामिल होते हैं, इसलिए इस बार उत्तर प्रदेश प्रशासन ने कई महत्वपूर्ण नियम लागू कर दिए हैं। अगर आप कांवड़ यात्रा की तैयारी कर रहे हैं या डीजे या म्यूजिक सिस्टम का इस्तेमाल करने की योजना बना रहे हैं, तो यह खबर आपके लिए बेहद महत्वपूर्ण है। डीजे की ऊंचाई, आवाज, बजने वाले गानों से लेकर होटल और ढाबों तक के लिए नए निर्देश जारी किए गए हैं। नियम तोड़ने वालों के खिलाफ सीधे कार्रवाई की चेतावनी भी दी गई है।
डीजे और कांवड़ की ऊंचाई पर रहेगा कंट्रोल
प्रशासन के अनुसार, कांवड़ यात्रा के दौरान इस्तेमाल होने वाले किसी भी डीजे या संगीत यंत्र की ऊंचाई 10 फीट और चौड़ाई 12 फीट से अधिक नहीं होनी चाहिए। ध्वनि सीमा भी निर्धारित की गई है। संगीत यंत्रों को 75 डेसिबल से अधिक ध्वनि में नहीं बजाया जा सकता। इन नियमों का उल्लंघन करने वालों पर कानूनी कार्रवाई की जाएगी। मेरठ में ऐसे लगभग 250 संचालकों को पहले ही नोटिस दिए जा चुके हैं।

सिर्फ भक्ति गीत ही बजेंगे
जुलूस के दौरान केवल धार्मिक गीत ही बजाने की अनुमति होगी। अश्लील गीत या धार्मिक भावनाओं को ठेस पहुंचाने वाले गीत पूरी तरह प्रतिबंधित होंगे। अस्पतालों के पास डीजे या संगीत वाद्ययंत्र बजाने की भी अनुमति नहीं होगी। सभी संचालकों को नियमों का पालन करने के लिए नोटिस जारी कर दिए गए हैं।
होटल और ढाबों पर भी लागू होंगे नए नियम
कांवड़ मार्ग पर पड़ने वाले होटल, ढाबे और रेस्तरां में क्यूआर कोड प्रदर्शित करना अनिवार्य होगा। श्रद्धालु अपने मोबाइल फोन से इन कोड को स्कैन करके संचालक का नाम और भोजन एवं पेय पदार्थों की निर्धारित कीमतें देख सकेंगे। इससे पारदर्शिता बढ़ेगी और अधिक कीमत वसूलने की शिकायतों को रोका जा सकेगा।
सुरक्षा के लिए रहेगा कड़ा इंतजाम
प्रशासन इस बार पुलिस स्टेशन स्तर पर कांवड़ रजिस्टर तैयार कर रहा है, जिसमें यात्रा से संबंधित सभी जानकारी दर्ज की जाएगी। अधिकारियों को 15 जुलाई से पहले हर दूसरे दिन यात्रा मार्ग का निरीक्षण करने का निर्देश दिया गया है। सीसीटीवी कैमरों द्वारा पूरी यात्रा पर नजर रखी जाएगी। पुलिस के साथ एटीएस, अर्धसैनिक बल, इंटेलिजेंस और आईबी की टीमें भी अलर्ट रहेंगी। जरूरत पड़ने पर पुलिसकर्मी कांवड़ियों की वेशभूषा में भी तैनात किए जाएंगे, ताकि सुरक्षा व्यवस्था मजबूत बनी रहे। (एजेंसी)

