PM Internship Scheme 2026: फाइनल ईयर स्टूडेंट्स को बड़ा मौका, पढ़ाई के साथ मिलेगी ₹9000 की इंटर्नशिप
PM Internship Scheme 2026: फाइनल ईयर स्टूडेंट्स को बड़ा मौका, पढ़ाई के साथ मिलेगी ₹9000 की इंटर्नशिप
PM Internship Scheme 2026: अब ग्रेजुएशन और पोस्ट ग्रेजुएशन के फाइनल ईयर छात्र भी कर सकेंगे आवेदन, हर महीने मिलेगा स्टाइपेंड और मिलेगा इंडस्ट्री एक्सपीरियंस
PM Internship Scheme 2026: अब पढ़ाई के साथ कमाई और करियर का सुनहरा मौका! सरकार की इस स्कीम में हुए बड़े बदलाव आपको बना सकते हैं जॉब-रेडी, जानिए पूरी डिटेल.
PM Internship Scheme 2026: भारत सरकार की प्रधानमंत्री इंटर्नशिप योजना (PM Internship Scheme) एक बार फिर सुर्खियों में है। इस योजना के तीसरे चरण में सरकार ने युवाओं को बड़ा तोहफा देते हुए पात्रता शर्तों में अहम बदलाव किया है। अब फाइनल ईयर में पढ़ाई कर रहे ग्रेजुएशन और पोस्ट ग्रेजुएशन के छात्र भी इस योजना का लाभ उठा सकते हैं। इस बदलाव के बाद लाखों छात्रों के लिए देश की बड़ी कंपनियों में काम सीखने और साथ ही कमाई करने का रास्ता खुल गया है।
क्या है PM Internship Scheme?
प्रधानमंत्री इंटर्नशिप योजना का उद्देश्य छात्रों को पढ़ाई के साथ-साथ वास्तविक उद्योग अनुभव (Industry Experience) देना है। इस योजना के तहत छात्रों को देश की प्रतिष्ठित कंपनियों में इंटर्नशिप करने का अवसर मिलता है। यह न केवल उनके करियर को मजबूत बनाता है बल्कि उन्हें रोजगार के लिए तैयार भी करता है।
केंद्र सरकार के कॉरपोरेट कार्य मंत्रालय के अनुसार, इस योजना को उच्च शिक्षा विभाग और शिक्षा मंत्रालय के साथ मिलकर संशोधित किया गया है ताकि ज्यादा से ज्यादा छात्र इसका लाभ उठा सकें।
नए नियम क्या कहते हैं?
नए संशोधित नियमों के तहत अब 18 से 25 वर्ष की आयु के छात्र इस योजना के लिए आवेदन कर सकते हैं। खास बात यह है कि अब ग्रेजुएशन और पोस्ट ग्रेजुएशन के फाइनल ईयर के छात्र भी पात्र होंगे।
इसके अलावा आवेदन करने वाले छात्रों को यह सुनिश्चित करना होगा कि उनकी इंटर्नशिप उनकी पढ़ाई में बाधा न बने। इसके लिए संस्थान से अनापत्ति प्रमाण पत्र (NOC) लेना अनिवार्य होगा।
सरकार ने यह भी स्पष्ट किया है कि यह योजना राष्ट्रीय शिक्षा नीति (NEP) के अनुरूप है, जिसमें अनुभव आधारित शिक्षा और उद्योग से जुड़ाव को बढ़ावा दिया गया है।
कौन कर सकता है आवेदन?
PM Internship Scheme के लिए पात्रता शर्तें इस प्रकार हैं:
- आवेदक की उम्र 18 से 25 वर्ष के बीच होनी चाहिए
- आवेदक नौकरी में नहीं होना चाहिए
- ग्रेजुएशन या पोस्ट ग्रेजुएशन के फाइनल ईयर का छात्र होना चाहिए या पढ़ाई पूरी कर चुका हो
- परिवार की वार्षिक आय 8 लाख रुपये से अधिक नहीं होनी चाहिए
- माता-पिता या पति-पत्नी में से कोई भी सरकारी नौकरी में नहीं होना चाहिए
कितना मिलेगा स्टाइपेंड?
इस योजना के तहत चयनित इंटर्न को हर महीने ₹9000 का स्टाइपेंड दिया जाएगा। इसके अलावा:
- ₹6000 एकमुश्त जॉइनिंग के समय दिए जाएंगे
- इंटर्नशिप की अवधि 12 महीने तक होगी
- 25 से अधिक सेक्टर्स में काम करने का अवसर मिलेगा
- कंपनियों की ओर से अतिरिक्त लाभ भी दिए जा सकते हैं
आवेदन प्रक्रिया और अवसर
छात्र PMIS Portal के माध्यम से आवेदन कर सकते हैं। आवेदन के समय सभी जरूरी दस्तावेजों के साथ-साथ NOC भी अपलोड करना होगा। चयनित छात्रों को देश की प्रमुख कंपनियों में काम सीखने का अवसर मिलेगा, जिससे उन्हें वास्तविक कॉर्पोरेट दुनिया का अनुभव मिलेगा।
छात्रों के लिए क्यों खास है यह योजना?
आज के प्रतिस्पर्धी समय में केवल डिग्री पर्याप्त नहीं मानी जाती। ऐसे में यह योजना छात्रों को पढ़ाई के दौरान ही स्किल डेवलपमेंट और इंडस्ट्री एक्सपोजर देती है। इससे उन्हें नौकरी पाने में आसानी होगी और उनका करियर मजबूत बनेगा।
सरकार का मानना है कि यह योजना युवाओं को आत्मनिर्भर बनाने और रोजगार क्षमता बढ़ाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाएगी।

