नारेबाजी से शुरू हुई तकरार बनी अखाड़ा: कांग्रेस दफ्तर में 10 मिनट तक बवाल, प्रेस कॉन्फ्रेंस छोड़ निकले राय
लखनऊ। उत्तर प्रदेश कांग्रेस के प्रांतीय मुख्यालय में रविवार को उस वक्त अफरा-तफरी मच गई, जब नवनियुक्त प्रदेश अध्यक्ष आराधना मिश्रा ‘मोना’ और कार्यकारी अध्यक्ष इमरान मसूद के पदभार ग्रहण समारोह के दौरान पार्टी कार्यकर्ता आपस में ही भिड़ गए। स्वागत और जश्न का माहौल देखते ही देखते अखाड़े में तब्दील हो गया और दोनों गुटों के बीच जमकर गाली-गलौज, धक्का-मुक्की तथा जूते-चप्पल चले। करीब 10 मिनट से ज्यादा समय तक चले इस अप्रत्याशित हंगामे के चलते पार्टी दफ्तर में मौजूद वरिष्ठ नेताओं के हाथ-पांव फूल गए।
नारेबाजी को लेकर भड़का विवाद, अजय राय से बदसलूकी का आरोप
प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार, बवाल की चिंगारी उस समय सुलगी जब पदभार ग्रहण के दौरान पूर्व प्रदेश अध्यक्ष अजय राय के समर्थकों ने मंच के सामने जोरदार नारेबाजी शुरू कर दी। नई अध्यक्ष आराधना मिश्रा के खेमे ने इस पर कड़ी आपत्ति जताई, जिसके बाद दोनों पक्षों में तीखी बहस छिड़ गई। बात इतनी बढ़ गई कि कार्यकर्ताओं ने मर्यादाएं तोड़ते हुए एक-दूसरे पर जूते-चप्पल फेंकने शुरू कर दिए। इसी हंगामे के बीच पूर्व अध्यक्ष अजय राय के साथ भी तीखी नोकझोंक और बदसलूकी की घटना सामने आई। स्थिति बेकाबू होते देख मंच पर मौजूद वरिष्ठ पदाधिकारियों ने आगे आकर किसी तरह बीच-बचाव कराया।
महिला नेता से विवाद के बाद बढ़ा तनाव, प्रेस वार्ता से दूर रहे पूर्व अध्यक्ष
सूत्रों के मुताबिक, विवाद उस वक्त और गहरा गया जब पार्टी की एक महिला नेता और अजय राय के बीच मंच के पास किसी बात को लेकर कहासुनी हो गई। इसके फौरन बाद दोनों नेताओं के समर्थक उग्र हो गए और दफ्तर परिसर में खुलेआम हाथापाई होने लगी। इस पूरे घटनाक्रम और सार्वजनिक रूप से हुई असहज स्थिति से आहत पूर्व प्रदेश अध्यक्ष अजय राय कार्यक्रम खत्म होते ही मुख्यालय से रवाना हो गए और नए पदाधिकारियों की आधिकारिक संयुक्त प्रेस कॉन्फ्रेंस में भी शामिल नहीं हुए। नेतृत्व परिवर्तन के पहले ही दिन सामने आई इस गुटबाजी ने प्रदेश कांग्रेस के आंतरिक अनुशासन पर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं।

