Tue. Jul 21st, 2026

नगालैंड में कुदरत का कहर: भूस्खलन से कई मकान ढहे, राहत-बचाव अभियान जारी

मोन, नागालैंड: नागालैंड के मोन जिले के तिजित में लगातार भारी बारिश से बाढ़ जैसे हालात पैदा हो गए हैं। शनिवार तड़के मोन जिले के तिजित में लगातार बारिश के कारण भीषण बाढ़ आ गई। कई स्थानों पर जलभराव हो गया, जिससे जनजीवन अस्त-व्यस्त हो गया। दिन बढ़ने के साथ-साथ बाढ़ और भारी जलभराव के कारण कई इलाकों में घरों में पानी घुस गया। मोन-तिजित राजमार्ग (एनएच-712) भी आंशिक रूप से जलमग्न हो गया, जिससे सड़क संपर्क बाधित हो गया। चिकित्सा और औद्योगिक क्षेत्र सबसे अधिक प्रभावित हुए हैं, जहां बढ़ते बाढ़ के पानी के कारण कई लोग फंसे हुए हैं।

भूस्खलन ने मचाया तबाही

आज सुबह नागालैंड के मोन जिले में हुए भीषण भूस्खलन से 10-15 घरों का पूरा समूह मलबे में तब्दील हो गया। इस विनाशकारी प्राकृतिक आपदा में चार महिलाओं सहित कई स्थानीय निवासियों के मलबे के नीचे फंसे होने की आशंका है।

अधिकारियों ने लॉन्गलाम-ओटिंग सड़क पर भूस्खलन की भी सूचना दी है। प्रभावित क्षेत्र तक पहुंच न होने के कारण बचाव दल नहीं भेजे जा सके, जिससे यात्री फंसे रह गए। भूस्खलन में आठ लोगों के मारे जाने की आशंका है। अब तक चार शव बरामद किए जा चुके हैं। एसडीआरएफ, असम राइफल्स और पुलिस खोज एवं बचाव अभियान में लगे हुए हैं।पुलिस सूत्रों ने बताया कि भूस्खलन बहुत बड़ा है और प्रभावित क्षेत्र में पानी का बहाव बहुत तेज था, जिससे बचाव कार्य में बाधा आ रही थी। इस खबर को लिखे जाने तक हताहतों और नुकसान की पूरी जानकारी का पता नहीं चल सका है।

रेस्क्यू में जुटीं कई विभागों की टीमें

जिला प्रशासन के अनुसार, एडीसी कार्यालय में एक एकीकृत कमांड पोस्ट स्थापित किया गया है और तेज जल प्रवाह के बावजूद लोगों को निकालने के प्रयास शुरू कर दिए गए हैं। एक व्यापक बचाव अभियान जारी है। पुलिस, विभिन्न विभागों के कर्मी, सामुदायिक सहायता कर्मी और नागरिक समाज संगठन बचाव कार्यों में जुटे हुए हैं। (एजेंसी)

About The Author

इन्हें भी पढ़े