अमिताभ बच्चन की सेहत बिगड़ने से KBC की शूटिंग पर ब्रेक, एक हफ्ते से सेट पर नहीं पहुंचे बिग बी; ब्लॉग में बताई अपनी परेशानी
मुंबई। बॉलीवुड के महानायक अमिताभ बच्चन लंबे समय से चर्चित ज्ञान आधारित क्विज शो ‘कौन बनेगा करोड़पति’ (KBC) का संचालन करते आ रहे हैं। इस शो और इसके हर नए सीजन का दर्शक बेसब्री से इंतजार करते हैं। हालांकि, हालिया रिपोर्टों के अनुसार, अमिताभ बच्चन की तबीयत ठीक न होने की वजह से केबीसी के नए एपिसोड्स की शूटिंग पिछले करीब एक हफ्ते से पूरी तरह थमी हुई है।
तबीयत नासाज होने पर मेकर्स ने लिया ब्रेक का फैसला
अमिताभ बच्चन पिछले कुछ दिनों से अस्वस्थ महसूस कर रहे हैं। उनकी शारीरिक स्थिति को देखते हुए शो के निर्माताओं ने फिलहाल शूटिंग को कुछ समय के लिए रोकने का निर्णय लिया है। स्वास्थ्य संबंधी दिक्कतों के चलते सेट पर नए एपिसोड्स की रिकॉर्डिंग रोक दी गई है।
‘रामायण’ के सितारों के साथ शूट हुआ था आखिरी एपिसोड
प्राप्त जानकारी के मुताबिक, शूटिंग रोके जाने से पहले शो का अंतिम बड़ा सेलिब्रिटी एपिसोड रणबीर कपूर, साई पल्लवी और रवि दुबे के साथ फिल्माया गया था। ये तीनों कलाकार अपनी आगामी फिल्म ‘रामायण’ के प्रचार के सिलसिले में केबीसी के सेट पर पहुंचे थे।
फिल्म रिलीज तक रोकने के बजाय दिवाली पर किया गया टेलीकास्ट
सूत्रों के अनुसार, पहले निर्माताओं की योजना इस खास एपिसोड को फिल्म ‘रामायण’ की रिलीज के वक्त ऑन-एयर करने की थी। लेकिन अमिताभ बच्चन के स्वास्थ्य को लेकर उपजी परिस्थितियों और शूटिंग रुकने के बाद चैनल को अपनी पूर्व निर्धारित योजना में बदलाव करना पड़ा। चैनल ने इस एपिसोड को लंबे समय तक होल्ड करने के बजाय पिछले सप्ताह दिवाली स्पेशल वीक की शुरुआत में ही प्रसारित कर दिया।
ब्लॉग के जरिए बिग बी ने साझा की अपनी स्थिति
इसी बीच, अमिताभ बच्चन ने शनिवार को अपने ब्लॉग में कामकाज पर धीरे-धीरे लौटने और अपनी दिनचर्या को लेकर बात की। उन्होंने लिखा कि वे आहिस्ता-आहिस्ता अपनी पुरानी दिनचर्या और काम की दुनिया में वापस लौटने की कोशिश कर रहे हैं। बिग बी ने स्वीकार किया कि जब कोई व्यक्ति सामान्य दिनचर्या से कट जाता है, तो फिर से उसी ढर्रे पर लौटना आसान नहीं होता।
उन्होंने आगे लिखा कि कभी-कभार वे अपना चश्मा और मोबाइल तक रखकर भूल जाते हैं और यह भी याद नहीं रहता कि उन्हें आगे कौन-सा काम करना था। हालांकि, उन्होंने यह भी जोड़ा कि उन्हें अपने स्कूल के आठवीं कक्षा के दिनों की यादें आज भी बिल्कुल स्पष्ट रूप से याद हैं।

