AC Price Hike: त्योहारों की खरीदारी पर पड़ेगा महंगाई का असर, AC से लेकर TV-वॉशिंग मशीन तक होंगे महंगे
त्योहारी सीजन में घर के लिए नया AC, टीवी या वॉशिंग मशीन खरीदने की योजना बना रहे लोगों के बजट पर अतिरिक्त बोझ पड़ सकता है। इलेक्ट्रॉनिक्स इंडस्ट्री में लागत बढ़ने के कारण कंपनियां कई उत्पादों के दाम बढ़ाने की तैयारी में हैं। सबसे ज्यादा असर एयर कंडीशनर की कीमतों पर देखने को मिल सकता है।इंडस्ट्री से मिली जानकारी के मुताबिक, अलग-अलग कंपनियां उत्पादों की कैटेगरी के हिसाब से कीमतों में बदलाव कर रही हैं। AC के दाम करीब 5 से 8 प्रतिशत तक बढ़ सकते हैं, जबकि वॉशिंग मशीन, रेफ्रिजरेटर और LED TV की कीमतों में करीब 2 से 4 प्रतिशत तक बढ़ोतरी देखने को मिल सकती है।
कच्चे माल ने बढ़ाई कंपनियों की परेशानी
इलेक्ट्रॉनिक्स कंपनियों के उत्पादन खर्च में लगातार बढ़ोतरी हो रही है। तांबा, स्टील, एल्युमिनियम और प्लास्टिक जैसी प्रमुख कमोडिटी की कीमतों में तेजी का असर सीधे मैन्युफैक्चरिंग कॉस्ट पर पड़ा है।इसके अलावा पेट्रोलियम आधारित इनपुट, ट्रांसपोर्टेशन और विदेशी मुद्रा में उतार-चढ़ाव भी कंपनियों के खर्च को प्रभावित कर रहे हैं। कंपनियों का कहना है कि लागत में लगातार हो रही वृद्धि के चलते उत्पादों की कीमतों में संशोधन करना जरूरी हो गया है।
AC की कीमत में 5 से 8 प्रतिशत तक बढ़ोतरी
एयर कंडीशनर इस कीमत बढ़ोतरी से सबसे ज्यादा प्रभावित होने वाले उत्पादों में शामिल है। कई कंपनियों ने करीब 5 से 8 प्रतिशत तक कीमत बढ़ाने की प्रक्रिया शुरू कर दी है। कुछ ब्रांड पहले ही नई कीमतें लागू कर चुके हैं। वहीं, कुछ कंपनियां त्योहारी सीजन में बिक्री और ग्राहकों की मांग को देखते हुए कीमत बढ़ाने से पहले बाजार का आकलन कर रही हैं।
Daikin ने सितंबर में ही बढ़ा दिए दाम
Daikin Airconditioning India के चेयरमैन और मैनेजिंग डायरेक्टर कंवलजीत जावा के मुताबिक, कंपनी ने 16 सितंबर से AC की कीमतों में करीब 8 से 10 प्रतिशत तक की बढ़ोतरी लागू की है। कंपनी के मुताबिक, तांबे की कीमत में करीब 25 से 35 प्रतिशत की बढ़ोतरी हुई है। इसके साथ ही डॉलर की मजबूती ने आयातित और डॉलर से जुड़े इनपुट की लागत पर भी दबाव बढ़ाया है।
Haier भी अक्टूबर से बढ़ाएगी कीमत
Haier India के अध्यक्ष एन.एस. सतीश ने बताया कि कंपनी 1 अक्टूबर से AC की कीमतों में करीब 5 प्रतिशत की बढ़ोतरी करेगी। LED TV और वॉशिंग मशीन जैसे अन्य उत्पादों के दाम भी लगभग 2 से 3 प्रतिशत तक बढ़ाए जा सकते हैं। उन्होंने यह भी संकेत दिया कि यदि कमोडिटी की कीमतों में तेजी बनी रही तो दिसंबर और जनवरी में एक बार फिर कीमतों की समीक्षा की जा सकती है।
तांबे की कीमत बढ़ने का AC पर सीधा असर
AC के निर्माण में तांबे का इस्तेमाल बड़ी मात्रा में होता है। Haier India के मुताबिक, एक एयर कंडीशनर में औसतन 3 से 4 किलोग्राम तक तांबा इस्तेमाल होता है। तांबे की कीमत पिछले साल के करीब 8,000-9,000 डॉलर प्रति टन के स्तर से बढ़कर लगभग 14,500 डॉलर प्रति टन तक पहुंचने की बात कही गई है। इसलिए AC की उत्पादन लागत पर इसका सीधा असर पड़ रहा है।
LG, Bosch समेत कई कंपनियों ने बदले दाम
LG और Bosch Home Comfort ने AC की कीमतों में करीब 5 प्रतिशत तक की वृद्धि की है। Bosch Home Comfort भारत में Hitachi ब्रांड के एयर कंडीशनर कारोबार से जुड़ी है। इसके अलावा Blue Star, Godrej, Haier, Daikin और Super Plastronics जैसी कंपनियों ने भी अलग-अलग उत्पाद श्रेणियों में कीमतों में बदलाव किया है। Panasonic फिलहाल कीमतों में बदलाव को लेकर बाजार की स्थिति पर नजर रख रही है।
read more: नेपाल में कुदरत का तांडव: काली गंडकी नदी में समाया पहाड़, सैलाब और भूस्खलन से 21 की मौत
कंपनियों के लिए यह साल में तीसरी कीमत बढ़ोतरी
Blue Star के मैनेजिंग डायरेक्टर बी. त्यागराजन के मुताबिक, कंपनी AC और डीप फ्रीजर की कीमतों में पहले ही 5 से 8 प्रतिशत तक की बढ़ोतरी कर चुकी है। उन्होंने कहा कि तांबा, स्टील और प्लास्टिक समेत कई कच्चे माल की लागत बढ़ी है। Godrej Enterprises Group के बिजनेस हेड और एग्जीक्यूटिव वाइस प्रेसिडेंट कमल नंदी ने भी कहा कि पिछली कीमत समीक्षा के बाद कमोडिटी लागत में 8 से 10 प्रतिशत तक वृद्धि हुई है। ऐसे में कुछ कैटेगरी में 5 से 7 प्रतिशत तक कीमत बढ़ाना जरूरी हो सकता है।
पुराने स्टॉक पर मिल सकती है राहत
नई कीमतें लागू होने के बावजूद ग्राहकों को हर दुकान पर तुरंत बढ़े हुए दाम नहीं चुकाने पड़ सकते। डीलर्स और डिस्ट्रीब्यूटर्स के पास पुराने रेट पर खरीदा गया स्टॉक मौजूद है। इस पुराने स्टॉक के बाजार में करीब एक से डेढ़ महीने तक बने रहने की संभावना है। ऐसे में खरीदारी करने वाले ग्राहकों को कुछ समय तक पुराने दाम वाले उत्पाद भी मिल सकते हैं।
त्योहारों में बिक्री पर कितना असर पड़ेगा?
ओणम से लेकर दशहरा और दिवाली तक का समय कंज्यूमर इलेक्ट्रॉनिक्स कंपनियों के लिए सबसे महत्वपूर्ण बिक्री सीजन में शामिल है। इंडस्ट्री रिपोर्ट के अनुसार, घरेलू कंपनियों की सालाना बिक्री में इस अवधि की हिस्सेदारी करीब 30 से 40 प्रतिशत तक हो सकती है। कीमतों में बढ़ोतरी ऐसे समय हो रही है, जब कंपनियां त्योहारी मांग का फायदा उठाने की तैयारी कर रही हैं। इसलिए कंपनियों के लिए बढ़ती लागत और ग्राहकों की खरीद क्षमता के बीच संतुलन बनाए रखना अहम होगा।

