‘Cockroach Is Back’! X में बैन के बाद CJP की धमाकेदार वापसी, 1 घंटे में 25 हजार फॉलोअर्स
सोशल मीडिया पर बीते कुछ दिनों से जबरदस्त चर्चा में बना सैटायर पेज ‘कॉकरोच जनता पार्टी’ (CJP) अब एक नए मोड़ पर पहुंच गया है। भारत में इसके आधिकारिक X (पूर्व में ट्विटर) अकाउंट को कानूनी आदेश के बाद ब्लॉक किए जाने के बावजूद इस डिजिटल ग्रुप ने वापसी कर ली है। अकाउंट बंद होने के कुछ ही घंटों बाद इसके क्रिएटर्स ने नया हैंडल “Cockroach Is Back” (@Cockroachisback) लॉन्च कर दिया, जिसने आते ही इंटरनेट पर नई बहस छेड़ दी है।
नए अकाउंट की प्रोफाइल लाइन “Cockroaches Don’t Die” यानी “कॉकरोच कभी मरते नहीं” सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रही है। इसे कई लोग सरकार और प्लेटफॉर्म कार्रवाई के खिलाफ प्रतीकात्मक जवाब के तौर पर देख रहे हैं।
X पर ब्लॉक, लेकिन इंटरनेट से गायब नहीं हुआ CJP
भारत सरकार की कानूनी मांग के बाद X ने ‘कॉकरोच जनता पार्टी’ के मुख्य अकाउंट (@CJP_2029) को भारत में ब्लॉक कर दिया था। इसके बाद ऐसा माना जा रहा था कि यह वायरल सैटायर कैंपेन अब खत्म हो जाएगा, लेकिन कुछ ही समय में नए अकाउंट की एंट्री ने पूरी कहानी बदल दी।
सोशल मीडिया यूजर्स अब इसे “डिजिटल कमबैक” बता रहे हैं। कई यूजर्स नए अकाउंट को तेजी से फॉलो कर रहे हैं, जबकि विरोधी इसे नियमों से बचने की कोशिश करार दे रहे हैं।
कैसे वायरल हुआ था ‘कॉकरोच जनता पार्टी’?
यह पेज उस समय चर्चा में आया जब देश के मुख्य न्यायाधीश (CJI) सूर्यकांत की एक कथित टिप्पणी इंटरनेट पर वायरल हो गई। सोशल मीडिया पर दावा किया गया कि उन्होंने बेरोजगार युवाओं की तुलना “कॉकरोच” से की थी। हालांकि बाद में सफाई दी गई कि बयान को गलत संदर्भ में पेश किया गया और टिप्पणी वास्तव में फर्जी डिग्री वालों के लिए थी।
लेकिन तब तक इंटरनेट पर मीम्स, व्यंग्य और राजनीतिक पोस्ट की बाढ़ आ चुकी थी। इसी माहौल में ‘कॉकरोच जनता पार्टी’ नाम का सैटायर पेज सामने आया और कुछ ही दिनों में लाखों लोगों तक पहुंच गया।
कौन हैं अभिजीत दिपके?
इस पूरे डिजिटल कैंपेन के पीछे अभिजीत दिपके का नाम सामने आया है। उन्हें पॉलिटिकल कम्युनिकेशन और डिजिटल नैरेटिव बनाने का विशेषज्ञ माना जाता है। पुणे से पत्रकारिता की पढ़ाई करने के बाद उन्होंने अमेरिका में पब्लिक रिलेशंस की पढ़ाई की।
सोशल मीडिया रणनीति और ऑनलाइन कैंपेनिंग में उनकी पकड़ मजबूत मानी जाती है। यही वजह है कि CJP की अचानक बढ़ती लोकप्रियता के बाद लोग इसके पीछे की रणनीति को लेकर सवाल उठाने लगे।
AAP कनेक्शन ने बढ़ाया विवाद
सोशल मीडिया पर कई दावे किए गए कि अभिजीत दिपके पहले आम आदमी पार्टी (AAP) के डिजिटल कैंपेन से जुड़े रहे हैं। रिपोर्ट्स के अनुसार, उन्होंने 2020 से 2023 के बीच पार्टी की सोशल मीडिया और मीम-आधारित कैंपेनिंग पर काम किया था।
यहीं से विवाद ने राजनीतिक रूप ले लिया। आलोचकों का कहना है कि यह केवल व्यंग्य पेज नहीं बल्कि एक राजनीतिक नैरेटिव तैयार करने की कोशिश थी। वहीं समर्थकों का तर्क है कि किसी व्यक्ति का पुराना राजनीतिक जुड़ाव उसकी अभिव्यक्ति की स्वतंत्रता को खत्म नहीं करता।
नया अकाउंट बनने के बाद फिर तेज हुई बहस
नए अकाउंट “Cockroach Is Back” के लॉन्च होते ही सोशल मीडिया पर सेंसरशिप बनाम फ्री स्पीच की बहस फिर शुरू हो गई है। कुछ यूजर्स सवाल उठा रहे हैं कि यदि कंटेंट नियमों के खिलाफ था तो नया अकाउंट इतनी तेजी से कैसे एक्टिव हो गया? वहीं कई लोग इसे डिजिटल प्रतिरोध का नया रूप बता रहे हैं।
Instagram पर भी जारी है पकड़
X पर कार्रवाई के बावजूद इंस्टाग्राम पर ‘कॉकरोच जनता पार्टी’ अब भी बेहद एक्टिव है। वहां इसके फॉलोअर्स लगातार बढ़ रहे हैं और पेज की पहुंच करोड़ों यूजर्स तक पहुंच चुकी है।
पूरा मामला अब सिर्फ एक मीम पेज का नहीं रह गया है। यह सोशल मीडिया की ताकत, राजनीतिक व्यंग्य, डिजिटल सेंसरशिप और ऑनलाइन नैरेटिव की लड़ाई का नया उदाहरण बनता जा रहा है।

