मकर संक्रांति पर बनाएं तिल और गुड़ के लड्डू
मकर संक्रांति पर्व
मकर संक्रांति पर्व : भारतीय परिवेश में मकर संक्रांति पर तिल और गुड़ के लड्डू चढ़ाने का चलन है, इसके पीछे वैज्ञानिक कारण यह है कि सर्दियों में जब शरीर को गर्मी की जरूरत होती है, तो तिल और गुड़ के लड्डू शरीर को गर्मी और ऊर्जा प्रदान करते हैं। ऐसा माना जाता है कि तिल और गुड़ का मिलन सूर्य और शनि के मिलन का प्रतीक है। मकर संक्रांति के दिन तिल और गुड़ के लड्डू खाना शुभ माना जाता है।
प्रचुर मात्रा में तिल में औषधि गुण पाये जाते हैं। तिल में पोषक तत्व भरपूर मात्रा में पाए जाते हैं ये छोटे छोटे बीज सेहत के लिए बहुत फायदेमंद होते हैं। लोग इसे सर्दियों के मौसम में ज्यादा खाना पसंद करते हैं। आयुर्वेद में इन बीजों का इस्तेमाल औषधि के रूप में किया जाता है। ये बीज शरीर को कई बीमारियों से बचाने में मदद करते हैं। तिल में कैल्शियम, फाइबर,आयरन, फॉस्फोरस जैसे पोषक तत्व पाए जाते हैं।
तिल के लड्डू बनाने की सामग्री
तिल – 2 कप (250 ग्राम)
गुड़ – 1 कप (250 ग्राम)
मूंगफल्ली (250 ग्राम)
घी – 2 छोटी चम्मच
तिल को अच्छी तरह साफ कर पानी से धोकर सूखा लीजिये, जिससे की धूल मिटटी न रहें।
विधि :-
भारी तले की कढ़ाई लेकर गरम कीजिये, मीडियम आंच पर, लगातार चम्मच से चलाते हुये, तिल को हल्के ब्राउन होने तक भून लीजिये साथ में मूंगफल्ली को भी हल्का भून लें। तिल बहुत जल्दी जल जाते हैं, ध्यान रहे कि तिल जले नहीं, जलने पर इनका स्वाद कड़वा हो जायेगा। भुने तिल को एक प्लेट में निकालकर थोड़ा सा ठंडा कर लीजिए।
गुड़ को तोड़कर छोटे छोटे टुकड़े कर लीजिये। कढ़ाई में एक चम्मच घी डालकर गरम कीजिये, गुड़ के टुकड़े डालिये और बिलकुल धीमी आग पर गुड़ को पिघला लीजिये, गुड़ पिघलने पर ये ध्यान रखें कि गुड़ एक तार की चशनी बन जाये गैस तुरन्त बन्द कर दीजिये। फिर गुड़ में सभी मिश्रण को मिला दीजिये। हल्का ठंडा होने पर, हाथों में घी लगाकर गोल आकार दे लड्डू बना लीजिये। तिल गुड़ की लड्डू तैयार हैं।

